
BMW, Volkswagen, Audi और Mercedes-Benz. इन गाड़ियों में कॉमन क्या है? एक ये कि भारतीय सड़कों पर आपको इन गाड़ियों की धूम खूब दिखती है. मिडल क्लास की Aspirations का हिस्सा रही है ये गाड़ियां. लेकिन एक Common बात ये भी है कि ये गाड़ियां इस बात का प्रमाण है कि Europe में हमारा सबसे बड़ा ट्रेडिंग पार्टनर जर्मनी है. ये सारी जर्मन गाड़ियां हैं जिनमें भारतियों का इंट्रेस्ट पुरानी बात है, लेकिन नई बात है Germany का भारतीयों में इंट्रेस्ट. ये तस्वीरें देखिए ये हैं Germany के Chancellor फ्रेड्रिक मर्ज़ जो कि State Visit पर भारत के दो दिनी दौरे पर आए हैं. उन्होंने पहले पीएम मोदी के साथ अहमदाबाद में पतंग उड़ाई फिर वो बैंग्लोर पहुंचे. साथ में लाए 23 जर्मन CEOs और Industry leaders को. साथ में प्रेस कांफ्रेंस की, और इस बात पर ज़ोर दिया कि वो भारत को Indo-Pacific नें जर्मनी का साथी बनाना चाहते हैं. अभी जर्मन चांसलर आए हैं. फिर पोलिश प्रेसिडेंट आने को हैं. फ्रेंच प्रेसिडेंट मेंक्रों भी आने को है फरवरी में. और उससे पहले 26 जनवरी के कार्यक्रम में European Union की हेड Ursula Von der Leyen भी आने को हैं.लेकिन सवाल उठता है कि आखिर यूरोप को अचानक भारत में इंट्रेस्ट क्यों आने लगा है? इसमें बहुत पेंच हैं. बहुत Complexities हैं. जिन्हें हमारे लिए Decode किया है इस एपिसोड में मेहमान बनकर आईं Dr. Sheetal Sharma ने. वो Associate Professor हैं JNU में. European Studies पढ़ाती हैं.
प्रड्यूसर: मानव देव रावत
साउंड मिक्स: अमन पाल