
फरवरी 2026 के आखिरी दिन, ट्रंप ने वेस्ट एशिया में जंग की शुरूआत कर दी थी. वही ट्रंप जो कि खुद को No war President कहते थे और सफ़ाई दी कि परेशान मत होइए आप लोग, बस यूं जाएंगे और 4 हफ़्तों में रिजीम चेंज करके जंग ख़त्म कर देंगे. सिंपल! लेकिन हालात आज ऐसे हो गए हैं कि न तो 4 हफ़्तों में जंग ख़त्म हुई है, न ढंग से रिजीम चेंज. ऊपर से जिस ईरान को ट्रंप से हिसाब से अब तक टूट जाना चाहिए था. वही ईरान स्ट्रेट ऑफ़ होर्मुज़ पर कब्ज़ा किए बैठा है. तेल भी अटका रखा और अमेरिका इज़रायल समेत वेस्ट एशिया के कई देशों की जान भी. उधर अब तक जिस जंग को ट्रंप मिसाइलों के ज़रिए लड़ रहे थे. उसी जंग में ट्रंप अब अमेरिकी सैनिक उतार रहे हैं. ट्रंप ने 4 हज़ार से ज्यादा अमेरिकी सैनिक(US Marines) और 82nd Airborne Division भेज दी है. Boots on Ground आ चुके हैं. उधर ईरान के अंग्रेज़ी अख़बार ने उनका स्वागत किया है अपने अख़बार के पहले पेज पर लिखा है “Welcome to Hell”. तो लगातार बदलते हालातों के बीच, बात ज़रूरी है. इसलिए Padhaku Nitin World Affairs के इस एपिसोड में बात Iran War पर ही करेंगे. जानेंगे कि पिछले चार हफ़्तों में किसने क्या खोया? क्या पाया? जानेंगे कि जंग का पांचवा हफ़्ता क्या किसी ख़तरे का निशान है? इस पांचवे हफ़्ते में क्या नया होने को है? रणनीतियां कैसे बदल रही हैं? और क्या इस सबके बीच ट्रंप की कुर्सी को ख़तरा तो नहीं है? पूछे ये सारे सवाल हमारे नए मेहमान से. Dr. Vishwajeet Singh Akhawat हमारे साथ हैं. Vivekananda International Foundation में Research Associate के तौर पर काम करते हैं. West Asia और स्पेशली Iran के संदर्भ में सालों से पढ़ लिख रहे हैं. इनकी MPhil की रिसर्च का टॉपिक था Role of IRGC in Iranian Politics. और इनका कोर सब्जेक्ट है, Iranian Security और Foreign Policy.

Trump इन 5 दिनों में क्या खेल करेंगे? : Padhaku Nitin World Affairs